श्री खाटू श्यामजी की आरती – Khatu Shyam Aarti

Sri Khatu Shyam Aarti in Hindi श्री खाटू श्यामजी की आरती

भक्तियोगी और धार्मिक व्यक्ति हमेशा अपने देवताओं की आराधना में जुटे रहते हैं। श्री खाटू श्याम की आरती इसी भक्ति और श्रद्धा का प्रतीक है। यह आरती भगवान श्री खाटू श्याम की महिमा को गाती है और उनके दिव्य रूप की प्रशंसा करती है। (See खाटू श्याम चालीसा in hindi)

श्री खाटू श्यामजी आरती – Khatu Shyam Ji Ki Aarti

॥ श्री खाटू श्यामजी की आरती ॥

ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे ।
खाटू धाम विराजत, अनुपम रूप धरे ॥१
ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे ।

रतन जड़ित सिंहासन, सिर पर चंवर ढुरे ।
तन केसरिया बागो, कुण्डल श्रवण पड़े ॥२
ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे ।

गल पुष्पों की माला, सिर पार मुकुट धरे ।
खेवत धूप अग्नि पर, दीपक ज्योति जले ॥३
ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे ।

मोदक खीर चूरमा, सुवरण थाल भरे ।
सेवक भोग लगावत, सेवा नित्य करे ॥४
ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे ।

झांझ कटोरा और घडियावल, शंख मृदंग घुरे ।
भक्त आरती गावे, जय-जयकार करे ॥५
ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे ।

जो ध्यावे फल पावे, सब दुःख से उबरे ।
सेवक जन निज मुख से, श्री श्याम-श्याम उचरे ॥६
ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे ।

श्री श्याम बिहारी जी की आरती, जो कोई नर गावे ।
कहत भक्त-जन, मनवांछित फल पावे ॥७
ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे ।

जय श्री श्याम हरे, बाबा जी श्री श्याम हरे ।
निज भक्तों के तुमने, पूरण काज करे ॥८
ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे ।

ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे।
खाटू धाम विराजत, अनुपम रूप धरे ॥९
ॐ जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे ।

Sri Khatu Shyam Aarti Lyrics in Hindi PDF श्री खाटू श्यामजी की आरती PDF

श्री खाटू श्यामजी की आरती Lyrics in Hindi Image

Sri Khatu Shyam Aarti Lyrics in Hindi श्री खाटू श्यामजी की आरती

Sri Khatu Shyam Ji Ki Aarti Lyrics Audio/Video

श्री खाटू श्याम की आरती क्या है?

श्री खाटू श्याम की आरती एक धार्मिक गीत है जो उनकी पूजा के समय प्रार्थना का एक महत्वपूर्ण अंग है। यह आरती भगवान श्री खाटू श्याम की भक्ति और आराधना में उनके भक्तों द्वारा पढ़ी जाती है। इसका पाठ करने से श्रद्धालु भक्त भगवान की कृपा और आशीर्वाद को प्राप्त करते हैं।

आरती के लाभ और महत्व

श्री खाटू श्याम की आरती का पाठ करने से भक्त अपने मन को शुद्ध करते हैं और उनकी आत्मा में शांति और समृद्धि का अनुभव होता है। यह आरती भक्ति और समर्पण का प्रतीक है और भक्तों को ध्यान में स्थिरता प्रदान करती है।

आरती के पाठ की विधि

श्री खाटू श्याम की आरती का पाठ करते समय ध्यान और श्रद्धा से किया जाना चाहिए। आरती का पाठ उत्साह से किया जाना चाहिए ताकि भक्ति और समर्पण की भावना सही ढंग से प्रकट हो सके।

श्री खाटू श्याम की आरती के महत्वपूर्ण मंत्र

श्री खाटू श्याम की आरती के मंत्र (जय श्री श्याम हरे, बाबा जय श्री श्याम हरे..) का पाठ करने से भक्त उनकी कृपा को प्राप्त करते हैं और उनके जीवन में सुख और शांति का अनुभव करते हैं।

आरती के महत्वपूर्ण पर्व

श्री खाटू श्याम की आरती के पाठ के विशेष अवसरों पर भक्तों के आत्मिक और धार्मिक उन्नति में महत्वपूर्ण योगदान होता है। जन्माष्टमी और नवरात्रि जैसे पर्वों पर भक्तों का आरती का पाठ विशेष महत्व रखता है।

निष्कर्ष

श्री खाटू श्यामजी की आरती का पाठ करना एक अद्वितीय अनुभव है। यह आरती न केवल भगवान की महिमा का एक उत्कृष्ट प्रस्तुति है, बल्कि यह भक्ति और श्रद्धा का प्रतीक भी है। जब हम इसे गाते हैं, तो हमारा मन शांति, संतुष्टि और प्रेम से भर जाता है।

FAQs (पूछे जाने वाले सवाल)

श्री खाटू श्याम की आरती कब पढ़ी जाती है?

श्री खाटू श्याम की आरती उनकी पूजा के समय पढ़ी जाती है, विशेष रूप से जन्माष्टमी और नवरात्रि के अवसर पर।

क्या हर दिन श्री खाटू श्यामजी की आरती का पाठ करना चाहिए?

हां, आरती का पाठ नियमित रूप से किया जाना चाहिए, जो ध्यान और शांति में सहायक होता है।

श्री खाटू श्याम की आरती का पाठ कैसे किया जाता है?

आरती का पाठ ध्यान और श्रद्धा से किया जाता है, आरती के फलस्वरूप देवता को प्रसन्न करने की भावना के साथ।

श्री खाटू श्यामजी की आरती का पाठ करने के क्या लाभ होते हैं?

आरती का पाठ करने से भक्त अपने मन को शुद्ध करते हैं और भगवान की कृपा को प्राप्त करते हैं।